बॉलीवुड अभिनेत्री और मशहूर डांसर नोरा फतेही एक बार फिर सुकेश चंद्रशेखर से जुड़े 200 करोड़ रुपये के कथित वसूली मामले को लेकर चर्चा में हैं। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने अभिनेत्री को इस मामले में अभियोजन पक्ष के गवाह के तौर पर पेश होने के लिए समन जारी किया है। अदालत ने उन्हें 2 नवंबर 2026 को कोर्ट में उपस्थित होकर अपना बयान दर्ज कराने का निर्देश दिया है। इस खबर के सामने आने के बाद मनोरंजन जगत में हलचल मच गई है। हालांकि, यह स्पष्ट करना जरूरी है कि नोरा को आरोपी के तौर पर नहीं, बल्कि गवाह के रूप में बुलाया गया है। उनका नाम मामले की तीसरी सप्लीमेंट्री चार्जशीट में गवाह नंबर तीन यानी LW-3 के रूप में दर्ज है।
तीसरी सप्लीमेंट्री चार्जशीट में गवाह के तौर पर नाम
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अदालत ने 16 अक्टूबर को जारी आदेश में नोरा फतेही को 2 नवंबर को पेश होने के लिए समन जारी करने का निर्देश दिया था। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश गगनदीप सिंह की अदालत में इस मामले की सुनवाई चल रही है। अभियोजन पक्ष की ओर से पेश किए जाने वाले गवाहों की सूची में नोरा का नाम शामिल है। इसी प्रक्रिया के तहत उन्हें अदालत में बुलाया गया है।
कानूनी प्रक्रिया में किसी व्यक्ति को गवाह के रूप में बुलाए जाने का अर्थ यह नहीं होता कि वह अपराध में शामिल है। अदालत में नोरा से मामले से जुड़े घटनाक्रम, उनकी जानकारी और जांच के दौरान दिए गए बयानों के संबंध में सवाल पूछे जा सकते हैं। उनकी गवाही इस मामले की सुनवाई के दौरान महत्वपूर्ण हो सकती है।
क्या है 200 करोड़ रुपये का पूरा मामला?
यह मामला कथित ठग सुकेश चंद्रशेखर से जुड़ा है। दिल्ली पुलिस के आरोपों के मुताबिक, सुकेश ने वर्ष 2020-21 के दौरान दिल्ली की रोहिणी जेल में बंद रहते हुए खुद को केंद्र सरकार का वरिष्ठ अधिकारी बताकर फोर्टिस हेल्थकेयर के पूर्व प्रमोटर शिविंदर मोहन सिंह की पत्नी अदिति सिंह से संपर्क किया था।
आरोप है कि उसने अदिति सिंह को उनके पति को जेल से बाहर निकलवाने में मदद करने का भरोसा दिलाया और इसी बहाने करीब 200 करोड़ रुपये की कथित वसूली की। जांच एजेंसियों के अनुसार, इस कथित धोखाधड़ी में सुकेश ने फर्जी पहचान और फोन कॉल का इस्तेमाल किया था। दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने मामले की जांच की और महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण अधिनियम यानी MCOCA के तहत भी कार्रवाई की गई।
इस मामले में सुकेश की पत्नी लीना मारिया पॉलोस और अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच हुई। अदालत में अब अभियोजन पक्ष अपने सबूत और गवाह पेश कर रहा है।
सुकेश से महंगे गिफ्ट मिलने की चर्चा क्यों हुई?
जांच के दौरान नोरा फतेही का नाम सुकेश और उसकी पत्नी लीना मारिया पॉलोस से कथित संपर्क को लेकर सामने आया था। सितंबर 2022 में दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने अभिनेत्री से कई घंटों तक पूछताछ की थी। जांच एजेंसियां यह जानना चाहती थीं कि नोरा की सुकेश और उसके सहयोगियों से किस तरह मुलाकात हुई और उन्हें कथित तौर पर कौन-कौन से उपहार दिए गए थे।
आईएएनएस की रिपोर्ट के मुताबिक, नोरा ने जांचकर्ताओं को बताया था कि वह चेन्नई में आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल हुई थीं, जिसे सुकेश की पत्नी लीना से जुड़ा बताया गया था। अभिनेत्री के बयान के अनुसार, कार्यक्रम के दौरान उन्हें गुच्ची का बैग और आईफोन दिया गया था। बाद में उनकी सुकेश से फोन पर बातचीत कराई गई थी। सुकेश ने खुद को उनका प्रशंसक बताया था और बीएमडब्ल्यू कार देने की बात कही थी।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, नोरा ने कार लेने से इनकार किया था और अपने रिश्तेदार बॉबी खान का संपर्क साझा किया था। बाद में बीएमडब्ल्यू कार बॉबी के नाम पर दर्ज होने की बात सामने आई। इन सभी घटनाओं के बारे में जांच एजेंसियों ने जानकारी जुटाई थी। हालांकि, महंगे उपहारों को लेकर सामने आए आरोपों और जांच संबंधी जानकारियों को किसी आपराधिक दोष का प्रमाण नहीं माना जा सकता।
नोरा ने खुद को बताया था पीड़ित
नोरा फतेही पहले भी इस मामले में अपनी बेगुनाही की बात कह चुकी हैं। उनकी ओर से यह रुख सामने आया था कि उन्हें सुकेश की वास्तविक पहचान और उसके कथित आपराधिक कामों की जानकारी नहीं थी। उन्होंने जांच में सहयोग किया और अपने संपर्कों से जुड़ी जानकारी अधिकारियों को दी थी।
नोरा की टीम पहले भी स्पष्ट कर चुकी है कि अभिनेत्री का किसी मनी लॉन्ड्रिंग या अवैध गतिविधि में शामिल होने से कोई संबंध नहीं है। अभिनेत्री ने सुकेश से जुड़े मामले में अपना नाम गलत तरीके से जोड़े जाने पर आपत्ति भी जताई थी। उन्होंने जैकलीन फर्नांडीज और कुछ मीडिया संस्थानों के खिलाफ मानहानि का मुकदमा भी दायर किया था।
2 नवंबर की सुनवाई पर रहेंगी सबकी नजरें
अब दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट में 2 नवंबर को होने वाली सुनवाई में नोरा फतेही की गवाही पर सभी की नजरें रहेंगी। अदालत में उनसे सुकेश, उसकी पत्नी और चेन्नई में आयोजित कार्यक्रम से जुड़े सवाल पूछे जा सकते हैं। उनकी गवाही से मामले के कुछ महत्वपूर्ण पहलुओं पर और जानकारी सामने आ सकती है।
फिलहाल, नोरा फतेही को गवाह के रूप में समन जारी किया गया है और उन्हें अदालत में उपस्थित होना है। इस मामले में अंतिम निष्कर्ष अदालत में पेश किए गए सबूतों और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर ही तय होगा।