बॉलीवुड की कॉमेडी फिल्मों की बात हो और ‘हेरा फेरी’ का नाम न आए, यह संभव नहीं है। इस फिल्म ने दर्शकों को हंसी से लोटपोट करने के साथ-साथ हिंदी सिनेमा को एक नया आयाम दिया। इसके किरदार बाबूराव गणपतराव आपटे, श्याम और राजू आज भी दर्शकों के दिलों में बसे हैं। लेकिन हाल ही में परेश रावल ने एक ऐसा बयान दिया जिसने दर्शकों और फैंस को चौंका दिया।
उन्होंने खुलासा किया कि जब उन्होंने ‘हेरा फेरी 3’ से खुद को अलग किया था, तब उनके और फिल्म के मेकर्स के रिश्ते काफी बिगड़ गए थे। हालांकि, अब वह कहते हैं कि वक्त के साथ घाव भर गए हैं और रिश्ते फिर से सामान्य हो चुके हैं।
परेश रावल का किरदार – बाबूराव
‘हेरा फेरी’ सीरीज में परेश रावल का किरदार बाबूराव आज भी एक कल्ट कैरेक्टर माना जाता है। उनकी कॉमिक टाइमिंग, मासूमियत और संवाद डिलीवरी ने दर्शकों को हंसी से लोटपोट कर दिया था। यही वजह है कि जब ‘हेरा फेरी 3’ की चर्चा शुरू हुई, तो दर्शक सबसे ज्यादा बाबूराव को लेकर उत्साहित थे।
क्यों टूटा रिश्ता?
परेश रावल ने एक इंटरव्यू में बताया कि कुछ साल पहले जब ‘हेरा फेरी 3’ की घोषणा हुई थी, तो उनके और प्रोडक्शन टीम के बीच कई मुद्दों पर मतभेद सामने आए। इन मतभेदों के चलते उन्होंने फिल्म से खुद को अलग करने का फैसला लिया।
इस निर्णय से फैंस को बड़ा झटका लगा था, क्योंकि बिना बाबूराव के ‘हेरा फेरी’ अधूरी लगती है।
वक्त ने भरे जख्म
हालांकि, परेश रावल ने हाल ही में कहा –
“उस वक्त हमारे रिश्ते में दरार आ गई थी। कई गलतफहमियां थीं। लेकिन अब वक्त बीत चुका है और घाव भर चुके हैं। अब कोई कड़वाहट नहीं बची है।”
उनके इस बयान से साफ है कि उन्होंने पुराने मतभेदों को पीछे छोड़ दिया है और अब वे फिर से हंसी-खुशी मेकर्स से जुड़े हैं।
दर्शकों की उम्मीदें
फैंस अब बेसब्री से ‘हेरा फेरी 3’ का इंतजार कर रहे हैं। अक्षय कुमार, सुनील शेट्टी और परेश रावल की तिकड़ी जब भी पर्दे पर आती है, तो गारंटीड हंसी-ठहाके लगते हैं।
हालांकि फिल्म की कहानी और रिलीज डेट को लेकर आधिकारिक घोषणा अभी बाकी है, लेकिन परेश रावल के इस बयान ने दर्शकों की उम्मीदें और बढ़ा दी हैं।
हेरा फेरी का जादू
- पहली ‘हेरा फेरी’ (2000) ने बॉलीवुड में कॉमेडी का नया दौर शुरू किया।
- ‘फिर हेरा फेरी’ (2006) ने इस तिकड़ी की पॉपुलैरिटी को और बढ़ा दिया।
- अब तीसरे पार्ट से उम्मीदें दोगुनी हो चुकी हैं।
परेश रावल का करियर
परेश रावल ने कॉमेडी के साथ-साथ सीरियस और निगेटिव रोल्स में भी अपनी एक्टिंग से पहचान बनाई है। ‘सरदार’, ‘ओह माय गॉड’ और ‘सन ऑफ सरदार’ जैसी फिल्मों में उनका गंभीर अंदाज भी दर्शकों को खूब भाया। लेकिन ‘हेरा फेरी’ में बाबूराव का किरदार उनकी पहचान बन गया।
निष्कर्ष
परेश रावल का यह बयान फैंस के लिए खुशखबरी है। यह साफ है कि अब उनके और मेकर्स के बीच रिश्ते सामान्य हो चुके हैं। दर्शक उम्मीद कर सकते हैं कि जब ‘हेरा फेरी 3’ आएगी, तो बाबूराव की मस्ती और उनकी कॉमिक टाइमिंग फिर से थिएटर में गूंजेगी।